जब मै सोता रहूँ , मेरे होठों पर
अपने होठ रख दो ,
मै गरम स्पंदन से सचेत होकर आँखें खोलूँ,
तो तुम्हारा चेहरा मेरे चेहरे पर झुका हो ।
जी बहुत चाहता है
हमारे काँच जैसे सपने
काश कभी ना टूटे
ऐसा हो तो भी मुझे सपने टूटने की आवाज
सुनने ना देना ।
अगर ऐसा हो भी गया तो मै ,
काँच जैसे बिखर जाऊँगा ।
जी बहुत चाहता है
मै हमेशा तुम्हारी प्रेरणा बना रहूँ
अगर ऐसा ना हो तो
तुम्हारी जिन्दगी मे दूसरी प्रेरणा का
एहसास
कम - से - कम मुझे ना हो ,
तुम्हें करीब से देखने को
जी बहुत चाहता है ।
"💐💐💐💐💐💐💐💐"
अपने होठ रख दो ,
मै गरम स्पंदन से सचेत होकर आँखें खोलूँ,
तो तुम्हारा चेहरा मेरे चेहरे पर झुका हो ।
जी बहुत चाहता है
हमारे काँच जैसे सपने
काश कभी ना टूटे
ऐसा हो तो भी मुझे सपने टूटने की आवाज
सुनने ना देना ।
अगर ऐसा हो भी गया तो मै ,
काँच जैसे बिखर जाऊँगा ।
जी बहुत चाहता है
मै हमेशा तुम्हारी प्रेरणा बना रहूँ
अगर ऐसा ना हो तो
तुम्हारी जिन्दगी मे दूसरी प्रेरणा का
एहसास
कम - से - कम मुझे ना हो ,
तुम्हें करीब से देखने को
जी बहुत चाहता है ।
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